नोएडा फर्स्टवन रिहैब फाउंडेशन में दिवाली मेले एवं ऑक्यूपेशनल थेरेपी डे का उत्साहपूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य दिव्यांग बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा को प्रोत्साहित करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना था।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उत्तराखंड हथकरघा एवं हस्तशिल्प विकास परिषद के उपाध्यक्ष श्री वीरेंद्र दत्त सेमवाल रहे। उन्होंने बच्चों के साथ समय बिताया और उनकी प्रतिभा एवं मेहनत की सराहना की।
इस अवसर पर बच्चों ने सुंदर दीये, मोमबत्तियां और दिवाली तोरण बनाए। बच्चों एवं अभिभावकों के लिए रंगोली प्रतियोगिता भी आयोजित की गई।
फाउंडेशन की प्रबंध निदेशक डॉ. दीक्षा श्रीवास्तव ने ऑक्यूपेशनल थेरेपी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह बच्चों में दैनिक जीवन के कौशल, आत्मनिर्भरता और कार्यक्षमता विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
कार्यक्रम में एमिटी विश्वविद्यालय के ऑक्यूपेशनल थेरेपी विभाग के छात्र भी उपस्थित रहे। यह आयोजन बच्चों की प्रतिभा, रचनात्मकता और आत्मनिर्भरता को प्रोत्साहित करने का एक सार्थक प्रयास रहा।