कोपागंज। नगर पंचायत कोपागंज के वार्ड नंबर एक स्थित चमार बस्ती में नाली निर्माण को लेकर स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। लोगों ने निर्माण कार्य में घटिया सामग्री इस्तेमाल किए जाने और मानक के अनुरूप मसाला नहीं लगाए जाने का आरोप लगाया। लोगों का कहना है कि यदि नाली का निर्माण निर्धारित मानक के अनुसार नहीं कराया गया तो जल निकासी की समस्या बनी रहेगी और पानी ओवरफ्लो होकर सड़क पर जमा होगा।
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि नाली निर्माण में आठ-एक के अनुपात में मसाला तैयार कर उसका इस्तेमाल किया जा रहा है, जो मानक के अनुरूप नहीं है। लोगों का कहना है कि पहले भी यहां करीब तीन रद्दा की नाली बनी थी और अब नई नाली का निर्माण भी तीन रद्दा में ही कराया जा रहा है। स्थानीय लोगों की मांग है कि नाली कम से कम चार रद्दा की बनाई जाए, जिससे पानी आसानी से निकल सके और सड़क पर जलभराव की स्थिति न बने।
लोगों के मुताबिक उन्होंने निर्माण कार्य करा रहे ठेकेदार से नाली की चौड़ाई बढ़ाने और निर्माण सामग्री की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की मांग की। आरोप है कि ठेकेदार ने कहा कि जितनी लिमिट निर्धारित है, उतनी ही नाली का निर्माण कराया जाएगा। इसके बाद स्थानीय लोगों ने मौके पर विरोध प्रदर्शन करते हुए निर्माण कार्य की जांच कराने की मांग की।
वहीं मामले में नगर पंचायत कोपागंज के अधिशासी अधिकारी सी.एल. तिवारी ने कहा कि निर्माण कार्य की जांच कराई जाएगी। जांच के दौरान यदि किसी प्रकार की गड़बड़ी या निर्माण मानक के विपरीत पाया जाता है तो उसे दोबारा तोड़कर निर्धारित मानक के अनुसार निर्माण कराया जाएगा।
उधर, निर्माण कार्य करा रहे ठेकेदार ने स्थानीय लोगों के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि नाली का निर्माण निर्धारित मानक के अनुसार कराया जा रहा है और निर्माण में सही सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है। ठेकेदार ने आरोप लगाया कि कुछ लोग मौके पर राजनीति कर रहे हैं। उनका कहना है कि एक-दो लोगों ने उनसे पैसे की मांग की थी, पैसा नहीं देने पर उनके द्वारा इस तरह के आरोप लगाए जा रहे हैं।
नाली निर्माण को लेकर हुए विरोध प्रदर्शन में उपेंद्र कुमार, राकेश कुमार, विवेक कुमार, रविशंकर, लालमैन मास्टर, बलजोर, डब्बू, आशा, उषा, गीता, घुरीया, तिजीया, गुंजन, रम्भा, संगीता, चन्द्र कला, सोनी, रीता, शांति, दुर्गावती आदि लोग मौजूद रहे।
स्थानीय लोगों ने नगर पंचायत प्रशासन से निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच कराने, निर्माण में गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा जल निकासी की समस्या को देखते हुए नाली का निर्माण निर्धारित मानक के अनुरूप कराने की मांग की है।